मुख्यमंत्री से मिले कांग्रेस नेता, जिला पंचायत सदस्यों के हाउस अरेस्ट का मुद्दा उठाया
16वें वित्त आयोग की राशि के आवंटन में भेदभाव का आरोप, प्रभारी मंत्री ओपी चौधरी और जिला पंचायत अध्यक्ष के रवैये पर की शिकायत
जांजगीर-चांपा। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के शिवरीनारायण आगमन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने उनसे मुलाकात कर जिला पंचायत सदस्यों के कथित हाउस अरेस्ट और 16वें वित्त आयोग की राशि के आवंटन का मुद्दा उठाया। कांग्रेस नेताओं ने प्रभारी मंत्री ओपी चौधरी और जिला पंचायत अध्यक्ष के कथित मनमाने रवैये को लेकर शिकायत करते हुए विकास कार्यों में सभी निर्वाचित जनप्रतिनिधियों के साथ समान व्यवहार की मांग की।
निर्वाचित जनप्रतिनिधियों के अधिकारों का मुद्दा उठाया
कांग्रेस नेताओं ने मुख्यमंत्री से कहा कि जनता द्वारा निर्वाचित जिला पंचायत सदस्यों के साथ किसी भी प्रकार का भेदभाव नहीं होना चाहिए। सभी सदस्यों को समान अवसर और अधिकार मिलने चाहिए, ताकि वे अपने-अपने क्षेत्रों में विकास कार्यों को प्रभावी ढंग से आगे बढ़ा सकें।
उन्होंने 16वें वित्त आयोग की राशि के उपयोग और विकास कार्यों में निष्पक्षता सुनिश्चित करने की मांग की। कांग्रेस नेताओं का कहना था कि राजनीतिक विचारधारा के आधार पर भेदभाव किए बिना जनहित को प्राथमिकता दी जानी चाहिए।
कांग्रेस नेताओं ने मुख्यमंत्री से की मुलाकात
इस दौरान जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजेश अग्रवाल, पामगढ़ विधायक शेषराज हरवंश, जांजगीर-चांपा विधायक ब्यास कश्यप, ब्लॉक कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष नवल सिंह ठाकुर और पूर्व जिला पंचायत उपाध्यक्ष राघवेंद्र प्रताप सिंह ने मुख्यमंत्री से मुलाकात की।
कांग्रेस नेताओं ने उम्मीद जताई कि मुख्यमंत्री इस मामले में संज्ञान लेकर निष्पक्षता सुनिश्चित करने और क्षेत्र के विकास कार्यों में सभी निर्वाचित जनप्रतिनिधियों की समान भागीदारी के लिए आवश्यक कदम उठाएंगे।
फिलहाल, इस मामले में मुख्यमंत्री कार्यालय, प्रभारी मंत्री ओपी चौधरी और जिला पंचायत अध्यक्ष का पक्ष सामने नहीं आया है।



