सक्ती में साइबर ठगी का नया तरीका, चॉइस सेंटर संचालकों को बनाया जा रहा निशाना
फोन-पे पर रकम मंगवाकर नगद भुगतान लेने का मामला, पुलिस ने युवक की फोटो जारी कर आम लोगों से मांगी मदद
सक्ती। जिले में चॉइस सेंटर संचालकों को निशाना बनाकर साइबर ठगी किए जाने की आशंका सामने आई है। सक्ती पुलिस के अनुसार, कुछ लोग गांवों के चॉइस सेंटर पहुंचकर अर्जेंट पैसों की जरूरत बताकर फोन-पे के माध्यम से अपने खाते में रकम ट्रांसफर करवाते हैं और बदले में संचालकों से नगद पैसा ले लेते हैं। बाद में खाते में आई रकम के फ्रॉड से जुड़ी होने की जानकारी सामने आने पर संबंधित बैंक खाते होल्ड हो रहे हैं। इससे चॉइस सेंटर संचालकों को आर्थिक और बैंकिंग संबंधी परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।![]()
पुलिस ने जारी की युवक की फोटो, सूचना देने की अपील
मामले को गंभीरता से लेते हुए सक्ती पुलिस ने एक युवक की फोटो जारी कर आम नागरिकों से सहयोग मांगा है। पुलिस ने अपील की है कि यदि किसी व्यक्ति को इस तरह पैसे मांगने या संदिग्ध लेन-देन की जानकारी मिलती है अथवा जारी फोटो में दिखने वाला युवक कहीं दिखाई देता है, तो तत्काल नजदीकी पुलिस थाने या साइबर सेल सक्ती को सूचना दें।
अनजान व्यक्ति के कहने पर न करें लेन-देन
पुलिस ने चॉइस सेंटर संचालकों सहित आम नागरिकों को सावधानी बरतने की सलाह दी है। किसी अनजान व्यक्ति के खाते में डिजिटल माध्यम से रकम मंगवाकर उसके बदले नगद भुगतान करने से पहले व्यक्ति की पहचान और रकम के स्रोत की पुष्टि करना जरूरी है। संदिग्ध लेन-देन से बचें और किसी भी अनजान व्यक्ति के कहने पर अपने बैंक खाते या डिजिटल भुगतान माध्यम का इस्तेमाल न करें।
पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि संदिग्ध गतिविधि की जानकारी मिलने पर स्वयं कार्रवाई करने के बजाय पुलिस को सूचित करें, ताकि संभावित साइबर ठगी पर रोक लगाई जा सके।



