छात्राओं ने मुख्य मार्ग पर किया चक्काजाम, बॉयज और गर्ल्स स्कूल के मर्जर को निरस्त करने की मांग
गरियाबंद _ फिंगेश्वर में बालक शाला में मर्ज के विरोध में कन्या शाला की सैकड़ों छात्राये सुबह से नगर के बीचों बीच सड़क पर बैठ प्रदर्शन कर रही।बीच सड़क किताब लेकर पढ़ाई में जुटी।दो दिन पहले मर्ज का आदेश कैंसिल करने की मांग को लेकर छात्राएं कलेक्ट्रेट पहुंची थी पर मांगो को अनसुनी कर उन्हें लौटा दिया गया था।
आज सुबह से ही फिंगेश्वर उच्चतर कन्या शाला में 11 वि और 12 वि की पढ़ाई करने वाले 100 से ज्यादा छात्राएं पहले तो रैली निकाली फिर नगर के प्रमुख चौंक पर बीच सड़क पर धरने पर बैठ गई है।नारे बाजी और हो हंगामें के साथ ही छात्राएं बीच सड़क किताब निकाल कर पढ़ते हुए दिखाई दे रही हैं।छात्राओं का आरोप है कि 425 दर्ज संख्या वाले कन्या उच्चतर माध्यमिक को 225 दर्ज संख्या वाले बालक उच्चतर माध्यमिक स्कूल में मर्ज किया गया है।युक्ति युक्त करण के तहत हुए इस मर्ज को छात्राओं ने गलत ठहराया है।आरोप यह भी है कि बालकों के साथ वे एक स्कूल में बैठ कर पढ़ना नहीं चाहते।स्कूल कई साल पुराना है ऐसे में छात्राओं के पालक समेत अन्य गणमान्य भी छात्राओं के समर्थन में नजर आ रहे हैं।कन्या शाला की जनभागीदारी अध्यक्ष रही संतोषी चौधरी ने इस मर्ज को नियम विरुद्ध बताया है।
हंगामें के बिच मौके पर राजिम एसडीएम विशाल महाराणा,फिंगेश्वर बीईओ और बीआरसी मौके पर पहुंच छात्राओं को समझाइश में जुट हैं।पर छात्रा मर्ज के आदेश को निरस्त कर पूर्व की भांति संचालित करने में अड़े हुए है।गुरुवार को जब छात्राएं अपनी इसी मांग को लेकर कलेक्टोरेट पहुंची थी तब उनकी मांगो को अनदेखा कर दिया गया था।इससे छात्राओं में आक्रोश बढ़ गया है।अब निरस्त आदेश के बाद ही प्रदर्शन खत्म करने की बात कह रहे हैं।
डीईओ जगजीत सिंह धीर ने युक्ति युक्त करण को शासन की नीति के मुताबिक जायज ठहराया है।उन्होंने कहा को फिंगेश्वर के ठाकुर दलगंजन हायर सेकेंडरी कैंपस के आस पास मौजूद सभी 4 स्कूलों को एक साथ मर्ज किया।अब एक संस्थान और एक प्रिंसिपल है।।मर्ज के बाद अतिशेश हुए 5 शिक्षकों को अन्यत्र नीति के मुताबिक भेजा गया।इस मसले का समाधान स्थानीय स्तर पर निकाला जाना चाहिए।बैठक व्यवस्था अनुकूल हो इसके लिए प्रिंसिपल को कहा जा रहा है।



