राष्ट्रीय अंतरिक्ष दिवस पर बच्चों ने सीखी विज्ञान की नई उड़ान
कोंडागांव। शासकीय प्राथमिक शाला बड़ेबेंदरी में शनिवार को राष्ट्रीय अंतरिक्ष दिवस धूमधाम से मनाया गया। इस अवसर पर शासकीय प्राथमिक शाला देवखरगांव की शिक्षिका सुश्री राधिका दीवान तथा एडवांस कब–मास्टर पवन कुमार साहू के मार्गदर्शन में कब–बुलबुल टीम के छात्र-छात्राओं ने विभिन्न गतिविधियों में हिस्सा लिया।
शिक्षिका सुश्री राधिका दीवान ने बच्चों को संबोधित करते हुए कहा –
“यह दिन हम भारतीयों के लिए गर्व का दिन है, क्योंकि इसी दिन भारत का चंद्रयान-3 सफलतापूर्वक चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव पर उतरा था। यह उपलब्धि न केवल भारत बल्कि पूरे विश्व के लिए गौरव का क्षण थी।”
उन्होंने बताया कि चंद्रयान-3 हमें यह सीख देता है कि असफलताओं से घबराना नहीं चाहिए, बल्कि मेहनत और धैर्य से लगातार प्रयास करते रहना चाहिए। चंद्रयान-2 के अधूरे प्रयास के बाद भी हमारे वैज्ञानिकों ने हार नहीं मानी और सफलता का इतिहास रचा।
वहीं, एडवांस कब–मास्टर पवन कुमार साहू ने बच्चों को बताया कि भारत सरकार ने इस ऐतिहासिक क्षण के सम्मान में 23 अगस्त को आधिकारिक तौर पर राष्ट्रीय अंतरिक्ष दिवस घोषित किया है।
उन्होंने कहा –
“23 अगस्त 2023 को विक्रम लैंडर की सफल सॉफ्ट लैंडिंग के बाद प्रज्ञान रोवर को चंद्रमा की सतह पर उतारा गया था। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसे ऐतिहासिक पल बताते हुए इस दिन को ‘राष्ट्रीय अंतरिक्ष दिवस’ के रूप में मनाने की घोषणा की। 2024 में पहला और 2025 में दूसरा राष्ट्रीय अंतरिक्ष दिवस पूरे देश में उत्साह के साथ मनाया गया।”
कार्यक्रम के दौरान बच्चों ने पोस्टर बनाकर और भाषण देकर अंतरिक्ष विज्ञान और इसरो (ISRO) की उपलब्धियों के बारे में सीखा। अंत में सुश्री राधिका दीवान और कब–मास्टर पवन कुमार साहू ने बच्चों को विज्ञान की ओर प्रेरित किया और कहा कि आने वाला भविष्य इन्हीं बच्चों के हाथों में है



