भारत में घुसपैठ की कोशिश में नेपाल की जेलों से भागे कैदी, एसएसबी ने अब तक 67 को पकड़ा
सशस्त्र सीमा बल (SSB) ने नेपाल-भारत सीमा पर विभिन्न चौकियों से 67 भगोड़े कैदियों को पकड़ा है, जिनमें एक महिला भी शामिल है। ये कैदी नेपाल में चल रहे अशांति के बीच जेलों से भागकर भारत में घुसने की कोशिश कर रहे थे। पकड़ी गई महिला का नाम अंजिला खातून है, जिसे पश्चिम बंगाल के इलाके में पकड़ा गया। वह ऐसी पहली महिला कैदी है जिसे SSB ने पकड़ा। सभी कैदियों को उत्तर प्रदेश, बिहार और पश्चिम बंगाल से सटी भारत-नेपाल सीमा की अलग-अलग चौकियों पर पकड़ा गया। अधिकारियों के मुताबिक, इन कैदियों के पास कोई वैध पहचान पत्र नहीं था, जिसके कारण एसएसबी ने उन्हें हिरासत में लिया।
रिपोर्ट के मुताबिक, सीमा पर सख्त निगरानी जारी है। इसलिए पकड़े गए कैदियों की संख्या बढ़ सकती है। पकड़े गए सभी लोगों को पुलिस को सौंप दिया गया है, जो आगे की जांच और कानूनी कार्रवाई कर रही है। अधिकारियों ने बताया कि नेपाल में हाल ही में हुई जेल तोड़ने की घटनाओं के बाद SSB ने सतर्कता बढ़ा दी थी। नेपाल में हिंसक विरोध प्रदर्शनों के कारण कई जेलों पर हमले हुए, आगजनी और तोड़फोड़ हुई। इसका फायदा उठाकर हजारों कैदी जेलों से भाग निकले। इसके जवाब में एसएसबी ने भारत-नेपाल की खुली सीमा पर निगरानी बढ़ा दी, सख्त पहचान जांच शुरू की और संवेदनशील इलाकों में गश्त बढ़ाई। SSB ने अतिरिक्त जवानों को तैनात किया है ताकि कोई भी भगोड़ा कैदी भारत में न घुस पाए।
व्यापार के बहाने भारत में घुसने की कोशिश
अधिकारियों ने कहा कि कुछ भगोड़े कैदी खुद को आम नागरिक बताकर काम या व्यापार के बहाने भारत में घुसने की कोशिश कर रहे थे, लेकिन उनके पास वैध पहचान पत्र न होने के कारण पकड़े गए। एक अफसर ने बताया, ‘हमारी सतर्कता यह सुनिश्चित करने के लिए है कि कोई भी भगोड़ा कैदी भारत-नेपाल की खुली सीमा का दुरुपयोग न कर सके।’ मालूम हो कि SSB गृह मंत्रालय के अधीन काम करती है, जिस पर 1751 किलोमीटर लंबी भारत-नेपाल सीमा की सुरक्षा की जिम्मेदारी है। यह सीमा उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, बिहार, पश्चिम बंगाल और सिक्किम से होकर गुजरती है।



