SBI की बड़ी चेतावनी: फोन में आया ये एक मैसेज खाली कर सकता आपका अकाउंट, बैंक ने कहा- तुरंत डिलीट करें
आजकल साइबर फ्रॉड तेजी से बढ़ रहा है, और इन ठगों ने लोगों को फंसाने के नए तरीके भी खोज लिए हैं। अब ये अपराधी KYC अपडेट, अकाउंट ब्लॉक, बैंक वेरीफिकेशन या लोन अप्रूवल जैसे बहाने बनाकर मोबाइल पर एक लिंक भेजते हैं। इस लिंक में एक APK फाइल होती है, जिसे इंस्टॉल करवाकर ठग आपके फोन में बिना आपकी जानकारी के घुस जाते हैं और आपका पूरा डेटा देख सकते हैं OTP, बैंक ऐप्स, पासवर्ड, गैलरी, कॉन्टैक्ट्स, लोकेशन तक।
SBI ने एक नई चेतावनी जारी की है जिसमें साफ कहा गया है कि कभी भी किसी अनजान लिंक या APK फाइल पर क्लिक न करें, नहीं तो आपकी मेहनत की कमाई मिनटों में गायब हो सकती है। SBI ने यह भी कहा है कि असली ऐप हमेशा सिर्फ Google Play Store या Apple App Store से ही डाउनलोड करें। अगर कभी साइबर फ्रॉड हो जाए, तो इसे छिपाने की गलती न करें। तुरंत 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करें।
क्या होता है Suspicious APK?
APK असल में Android फोन पर इंस्टॉल होने वाली ऐप की फाइल होती है। लेकिन इंटरनेट पर घूम रही फेक APK फाइलें असली ऐप नहीं होतीं, बल्कि यह ठगों द्वारा बनाई गई खतरनाक फाइलें होती हैं। इन्हें इंस्टॉल करते ही: फोन में वायरस आ जाता है, ठग आपकी स्क्रीन रिकॉर्ड कर सकते हैं, आपके OTP पढ़ सकते हैं, बैंक ऐप का पासवर्ड पकड़ सकते हैं, आपकी गैलरी, फाइल्स और मैसेज देख सकते हैं, यानी एक क्लिक में पूरे फोन पर उनका कब्जा।
SBI ने क्यों जारी की चेतावनी?
कई लोगों ने रिपोर्ट किया है कि उन्हें इस तरह के मैसेज मिल रहे हैं: “आपका अकाउंट ब्लॉक हो जाएगा, KYC अपडेट करें”, “आपके बैंक का वेरिफिकेशन पेंडिंग है, इस लिंक से ऐप इंस्टॉल करें”, “आपको रिफंड मिलेगा, यह ऐप डाउनलोड करें” साथ में एक लिंक दिया जाता है।
उस पर क्लिक करने से: APK तुरंत डाउनलोड हो जाती है और फोन पूरा हैक हो जाता है। SBI ने जागरूकता पोस्ट में साफ कहा है: Stop. Think. Before you click, Never install APK from unknown links, Download only from Play Store/App Store
ठग कैसे खाली करते हैं बैंक अकाउंट?
– पहले मैसेज भेजते हैं नकली KYC या अकाउंट ब्लॉक का
– आप लिंक पर क्लिक करते हैं
– APK फोन में इंस्टॉल होती है
– ठग रिमोट एक्सेस ले लेते हैं
– आपके OTP, PIN, UPI तक सब पढ़ा जाता है
– बैंक अकाउंट मिनटों में खाली
– यह सब इतने चुपचाप होता है कि यूजर को पता भी नहीं चलता।



