जांजगीर-चांपा जिले के नवागढ़ क्षेत्र में किसानों को बांटे गए प्रमाणित गेहूं बीज की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल उठ खड़े हुए हैं। किसानों का आरोप है कि बीज निगम क्षेत्र खोखसा से भेजा गया गेहूं पूरी तरह निम्न गुणवत्ता का है। सिर्फ एक महीने के भीतर ही बीज में घुन लगना, 40 फीसदी तक दाना टूटा हुआ होना तथा कंकड़–भूसी मिलना सामने आया है।
किसानों ने बताया कि 1520 रुपये प्रति बोरी में खरीदा गया बीज खेत में डालने लायक नहीं है और इससे अंकुरण की उम्मीद भी कम हो जाती है। कई गांवों में किसानों ने कहा कि असली सैंपल और उन्हें दिए गए बीज में भारी अंतर है, जिससे अनियमितता स्पष्ट होती है।
शिकायत के बाद जिला पंचायत कृषि विभाग के सभापति राजकुमार साहू बीज निगम पहुंचे और निरीक्षण के दौरान गोदाम में रखा गेहूं अत्यंत खराब पाया। उन्होंने अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी देते हुए बताया कि मामला जिला पंचायत की सामान्य सभा में भी उठाया जाएगा।
किसानों ने खराब बीज वापस लेकर नया व गुणवत्तायुक्त बीज देने की मांग की है। उनका कहना है कि समाधान नहीं मिलने पर वे शिकायत जिला प्रशासन से लेकर मुख्यमंत्री तक करेंगे। विपक्ष ने भी कहा है कि जरूरत पड़ी तो मामला विधानसभा में उठाया जाएगा।


