ऐसी कार्रवाई होगी कि दुनिया याद रखेगी… इंडिगो मामले पर बोले एविएशन मिनिस्टर
नई दिल्ली: सरकार ने इंडिगो मामले में सख्त रुख दिखाया है। एविएशन मिनिस्टर के राम मोहन नायडू ने सोमवार को राज्यसभा में कहा कि सरकार इस मामले में सख्त कार्रवाई करेगी ताकि दूसरी एयरलाइंस के लिए एक मिसाल कायम हो सके। उन्होंने ऊपरी सदन में बताया कि इंडिगो का यह संकट उसके क्रू रोस्टरिंग और अंदरूनी प्लानिंग सिस्टम में आई दिक्कतों की वजह से हुआ। पिछले सात दिनों में इंडिगो की हजारों फ्लाइट कैंसिल हुई हैं जिससे यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा है।
नायडू ने कहा कि जो भी यात्री देरी और कैंसिलेशन की वजह से परेशान हुए हैं, उनके लिए सख्त सिविल एविएशन रिक्वायरमेंट्स (CARs) मौजूद हैं। एयरलाइन ऑपरेटर्स को इन नियमों का पालन करना ही होगा। सॉफ्टवेयर की समस्या को लेकर जांच की जा रही है। इस सेक्टर में लगातार टेक्नोलॉजी को अपग्रेड किया जाता है। सरकार का लक्ष्य है कि देश के एविएशन सेक्टर में दुनिया के टॉप स्टैंडर्ड्स हों। एविएशन मिनिस्टर ने यह भी कहा कि आज भारत में 5 बड़ी एयरलाइंस के लिए पर्याप्त क्षमता है।
मार्केट कैप में भारी गिरावट
देश की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो एक बड़े ऑपरेशनल संकट से जूझ रही है। इस कारण उसे बड़े पैमाने पर फ्लाइट्स रद्द करनी पड़ी हैं और अब उसे सरकारी कार्रवाई का सामना भी करना पड़ सकता है। पिछले हफ्ते से शुरू हुए इस संकट ने कई यात्रियों को मुश्किल में डाला है और कंपनी की इमेज को भी नुकसान पहुंचाया है। तब से अब तक इसके शेयर 16% गिर चुके हैं। इस दौरान कंपनी के मार्केट कैप में 37,000 करोड़ रुपये की गिरावट आई है।



