1AC कोच से उतरा परिवार, रेलवे स्टाफ ने पकड़ लिया हाथ, तलाशी में मिला ऐसा सामान रेलवे के अफसरों के उड़ गए होश
नई दिल्ली: इंडियन रेलवे के लिए प्रीमियम कोच यानी 1st AC हमेशा से ही लग्जरी और सुविधाओं के लिए जाना जाता है. लेकिन अब सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक वीडियो ने रेलवे की छवि पर सवाल खड़े कर दिए हैं. यह वीडियो एक परिवार का है, जिस पर आरोप है कि उसने यात्रा के दौरान कोच से चादरें और तौलिए चुरा लिए.
यह घटना उस समय सामने आई जब पुरी-नई दिल्ली पुरुषोत्तम एक्सप्रेस के यात्री ट्रेन से उतर रहे थे. प्लेटफॉर्म पर रेलवे स्टाफ ने परिवार को रोककर सामान की जांच की. वीडियो में साफ दिख रहा है कि स्टाफ परिवार से पूछताछ कर रहा है और वे बार-बार कह रहे हैं “गलती हो गई.” यह मंजर वहां मौजूद अन्य यात्रियों की भीड़ को अपनी ओर खींच लाया. वीडियो की पुष्टि न्यूज18 हिंदी नहीं करता है.
प्लेटफॉर्म पर हुआ आमना-सामना
वायरल वीडियो में दिखाई देता है कि रेलवे स्टाफ ने परिवार से उन चादरों और तौलियों को वापस करने को कहा जो यात्रियों की सुविधा के लिए दी जाती हैं. परिवार इस हरकत पर सफाई देता रहा, लेकिन सोशल मीडिया पर लोग इसे “बेहद शर्मनाक और घिनौना” बता रहे हैं.
वायरल वीडियो में दिखाई देता है कि रेलवे स्टाफ ने परिवार से उन चादरों और तौलियों को वापस करने को कहा जो यात्रियों की सुविधा के लिए दी जाती हैं. परिवार इस हरकत पर सफाई देता रहा, लेकिन सोशल मीडिया पर लोग इसे “बेहद शर्मनाक और घिनौना” बता रहे हैं.
कार्रवाई की मांग तेज
सोशल मीडिया पर कई लोगों ने रेलवे से इस परिवार के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की. कुछ यूजर्स ने सुझाव दिया कि रेलवे को एक डिपॉजिट सिस्टम लागू करना चाहिए, जिसमें यात्रियों से पहले पैसे लिए जाएं और यात्रा के बाद सामान लौटाने पर रिफंड किया जाए.
सोशल मीडिया पर कई लोगों ने रेलवे से इस परिवार के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की. कुछ यूजर्स ने सुझाव दिया कि रेलवे को एक डिपॉजिट सिस्टम लागू करना चाहिए, जिसमें यात्रियों से पहले पैसे लिए जाएं और यात्रा के बाद सामान लौटाने पर रिफंड किया जाए.
दूसरों का मानना है कि केवल सामान वापस करने से काम नहीं चलेगा, बल्कि जुर्माना लगाकर उदाहरण पेश करना चाहिए. एक कमेंट में लिखा गया, “ऐसे लोग विदेश जाकर भी भारत की छवि खराब करते हैं.”
रेलवे के लिए नई चुनौती
भारतीय रेलवे पहले से ही भीड़भाड़, साफ-सफाई और खाने की क्वालिटी जैसे मुद्दों से जूझ रहा है. अब ऐसे मामले रेलवे प्रशासन के लिए एक और सिरदर्द बनकर सामने आ रहे हैं.
भारतीय रेलवे पहले से ही भीड़भाड़, साफ-सफाई और खाने की क्वालिटी जैसे मुद्दों से जूझ रहा है. अब ऐसे मामले रेलवे प्रशासन के लिए एक और सिरदर्द बनकर सामने आ रहे हैं.



